जयपुर | प्रदेश में राशन डीलरों की हड़ताल को लेकर असमंजस की स्थिति दिख रही है।
जहां एक ओर, राशन डीलर्स द्वारा गहलोत सरकार के अन्नपूर्णा फ़ूड किट को लेकर विरोध में हड़ताल की खबरें सामने आ रही हैं वहीं दूसरी ओर, कुछ राशन डीलर्स ऐसी कोई भी हड़ताल होना गलत बता रहे हैं।
गौरतलब है कि पिछले कई दिनों से कई मीडिया चैनल्स पर अन्नपूर्णा फ़ूड किट (Annapurna Food Kit) को लेकर राशन डीलर्स के विरोध और हड़ताल की खबरें सामने आ रही हैं।
ऐसे में जयपुर संभाग संयोजक राशन डीलर समन्वय समिति राजस्थान के प्रदेश सचिव हेमराज मीना ने इन खबरों का खंडन किया है।
उनका कहना है कि प्रदेश सरकार ने फूड पैकेट राशन डीलरों से वितरण करवाने के निर्देश दिए गए हैं जो हमारी मांग के अनुसार ही हैं। ऐसे में भला हम इसका विरोध कैसे कर सकते हैं।
अन्नपूर्णा फ़ूड किट को डीबीटी से राशन की दुकानों से वितरण करवाने के लिए हमने ही मुख्यमंत्री जी से मांग की थी।
हम किसी भी हड़ताल में नहीं है। कुछ लोग हड़ताल की खबरें चलवा रहे हैं जो कोरी अफवाह मात्र है।
अब तक प्रदेश में 10 हजार से ऊपर राशन डीलरों की पोस मशीन चली है। प्रतिदिन लगातार वितरण कार्य जारी है।
हालांकि, कुछ राशन डीलर ऐसे भी हैं जिन्होंने 1 तारीख से गेहूं इसलिए नहीं वितरित किए, ताकि दुकान पर वितरण सहायक को डबल मजदूरी नहीं देनी पड़े। इसलिए दोनों गेहूं और अन्नपूर्णा फ़ूड किट एक साथ वितरण 15 अगस्त से शुरू किया जाएगा।
अभी तक प्रदेश में 25 प्रतिशत खाद्यान्न कल तक वितरित किया जा चुका है जो आज भी निरन्तर जारी है।
15 अगस्त तक 50 प्रतिशत खाद्यान्न वितरित हो जाने की संभावना है। 15 अगस्त से वितरण कार्य और अधिक गति से चलाया जाएगा। प्रदेश में कुछेक राशन डीलरों को छोड़कर कहीं हड़ताल नहीं है आज तक प्रदेश में 25 लाख उपभोक्ताओं को खाद्य सामग्री का वितरण किया जा चुका है।
फिर इस प्रकार का कुछ लोग किस योजना से विरोध कर रहे हैं यह समझ से बाहर है।
राशन डीलरों की कुछ मांगे मुख्यमंत्री महोदय से चल रही हैं जिन पर हमें पूर्ण विश्वास है कि अन्नपूर्णा फ़ूड किट शुभारंभ के शुभ अवसर पर हमें मुख्यमंत्री जी जरूर राहत प्रदान करेंगे।