राजस्थान यूनिवर्सिटी के डीएसडब्ल्यू प्रोफेसर रामावतार शर्मा (DSW ramavatar sharma) ने बताया- एडमिशन प्रक्रिया आज से शुरू होने वाली थी।
लेकिन सॉफ्टवेयर में प्रॉब्लम होने की वजह से फिलहाल प्रवेश प्रक्रिया को स्थगित कर दिया गया है। इसे ठीक होने में भी 24 से 48 घंटे का वक्त लग सकता है।
ऐसे में अब 3 जून से एडमिशन के लिए आवेदन की प्रक्रिया को शुरू किया जाएगा। जो 12 जून (10 दिन तक) तक जारी रहेगी।
शर्मा ने बताया-आवेदन के दौरान स्टूडेंट्स से काफी बार गलतियां भी हो जाती है। जिन्हें दुरुस्त करने के लिए उन्हें 13 और 14 जून दो दिन फॉर्म करेक्शन का मौका भी दिया जाएगा। इसके बाद फाइनल कट ऑफ लिस्ट जारी होगी।
इसके आधार पर BA , B.com, B.sc पास कोर्स, ऑनर्स कोर्स के साथ सर्टिफिकेट कोर्स के लिए स्टूडेंट्स को एडमिशन दिया जाएगा।
इसके बाद 1 जुलाई से राजस्थान यूनिवर्सिटी के संगठक महारानी कॉलेज, महाराजा कॉलेज, कॉमर्स कॉलेज और राजस्थान कॉलेज में शैक्षणिक गतिविधि (पढ़ाई) की शुरुआत होगी।
परसेंटेज के आधार पर होगा एडमिशन
यूनिवर्सिटी की कुलपति प्रोफ़ेसर अल्पना कटेजा (Alpana kateja) ने कहा- राजस्थान यूनिवर्सिटी में इस बार परसेंटाइल फॉर्मूले की जगह परसेंटेज के आधार पर स्टूडेंट्स को यूनिवर्सिटी के अंडर ग्रेजुएशन कोर्सेज में एडमिशन दिया जाएगा।
क्योंकि पिछले कुछ सालों में राजस्थान यूनिवर्सिटी में परसेंटाइल फॉर्मूले के आधार पर एडमिशन की प्रक्रिया पूरी की जा रही थी।
इस प्रक्रिया से भी किसी एक बोर्ड के स्टूडेंट्स को नुकसान हो रहा था। जबकि परसेंटेज प्रक्रिया से दूसरे बोर्ड के स्टूडेंट्स को नुकसान हो सकता है।
ऐसे में कठिन मंथन और चिंतन के बाद यूनिवर्सिटी प्रशासन द्वारा परसेंटेज के आधार पर एडमिशन करने का फैसला किया गया है। कटेजा ने कहा- पिछले साल राजस्थान यूनिवर्सिटी (rajasthan university) में नेशनल एजुकेशन पॉलिसी लागू हो गई थी।
ऐसे में इस बार एडमिशन की पूरी प्रक्रिया नेशनल एजुकेशन पॉलिसी के तहत की जाएगी। वहीं, यूनिवर्सिटी के फर्स्ट ईयर और सेकेंड ईयर के स्टूडेंट्स को नेशनल एजुकेशन पॉलिसी के तहत सेमेस्टर सिस्टम से गुजरना होगा।