नई दिल्ली | वर्ष 2026 का आगमन होते ही दुनिया भर में एक बार फिर बुल्गारिया की रहस्यमयी भविष्यवक्ता बाबा वेंगा की भविष्यवाणियों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। अपनी मृत्यु से कई दशक पहले ही भविष्य की घटनाओं का सटीक खाका खींचने वाली बाबा वेंगा ने 2026 के लिए एक ऐसी चेतावनी दी थी जो अब वर्तमान आर्थिक स्थितियों के साथ मेल खाती दिख रही है। उनकी भविष्यवाणी के अनुसार यह वर्ष वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए अत्यंत उथल-पुथल भरा साबित हो सकता है। दावा किया जा रहा है कि दुनिया अब उस दौर की ओर बढ़ रही है जहां सदियों से चली आ रही कागजी मुद्रा का अस्तित्व खतरे में पड़ जाएगा।
डॉलर पर संकट और डिजिटल युग का उदय
बाबा वेंगा की भविष्यवाणियों का गहन विश्लेषण करने वाले जानकारों का दावा है कि उन्होंने संकेत दिया था कि 2026 में अमेरिकी डॉलर जैसी पारंपरिक कागजी मुद्राएं अपनी चमक खो देंगी। उनकी भविष्यवाणी के शब्दों के अनुसार कागज का पैसा खत्म हो जाएगा और उसकी जगह डिजिटल या इलेक्ट्रॉनिक मुद्रा पूरी तरह से ले लेगी। वर्तमान परिदृश्य में जिस तरह से दुनिया भर के केंद्रीय बैंक अपनी सेंट्रल बैंक डिजिटल करेंसी यानी सीबीडीसी ला रहे हैं और क्रिप्टोकरेंसी का चलन बढ़ा है उसे देखकर बाबा वेंगा के अनुयायी इस भविष्यवाणी को सच मान रहे हैं। आर्थिक विशेषज्ञों का भी मानना है कि नकदी रहित लेनदेन की ओर बढ़ते कदम इस भविष्यवाणी को तार्किक आधार प्रदान करते हैं।