यह गहलोत सरकार नहीं, गृह लूट सरकार है। इसने राजस्थान की सुख, शांति, अमन-चैन की कोई परवाह नहीं है।
इस सरकार में विधायकों को खुली छूट मिली हुई है। गहलोत सरकार के कुशासन से आम जनता बुरी तरह से त्रस्त है।
अब मौका है इस कुशान को उखाड़ फेंकने का। ऐसे में भाजपा कार्यकर्ताओं को अपनी कमर कस लेनी चाहिए।
देश की नहीं परिवार को बचाने की चिंता है
इसी के साथ नड्ढा ने कांग्रेस पार्टी और उसके नेताओं को निशाने पर लेते हुए कहा कि यह परिवारवादी पार्टी है।
इसे देश की नहीं बल्कि राहुल बाबा की चिंता है। कल ये लोग मुंबई में इकट्ठा होकर मोदी हटाओ की बात कह रहे थे।
ये मोदी को इसलिए हटाना चाहते हैं, क्योंकि परिवार को बचाना हैं। मोदी के रहते परिवारवाद नहीं हो सकता है।
इसी के साथ उन्होंने परिवारवाद के उदाहरण देते हुए कहा कि बिहार में लालू यादव ने चारा खाया, अब बेल पर हैं।
लालू को देश की नहीं, तेज प्रताप और तेजस्वी की चिंता है।
ममता बनर्जी को भतीजे की चिंता है। शरद पवार को सुप्रीया की चिंता है।
वहीं, करुणानिधि को बेटे स्टालिन की चिंता है।
इसी के साथ उन्होंने लाल डायरी का जिक्र भी किया और कहा कि इस सरकार का मतलब लाल डायरी है।
जो मंत्री इसके खिलाफ आवाज उठाता है। उसे बर्खास्त कर दिया जाता है।