कांग्रेस पार्टी तो बार-बार भाजपा के सीएम फेस को लेकर तंज कसने से बाज नहीं आ रही है और भाजपा है कि अपना सीएम फेस सामने लाने से पीछे हट रही है।
2 अक्टूबर को चित्तौड़गढ़ की सभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी यह ऐलान कर दिया था कि राजस्थान में कमल का फूल ही भाजपा का चेहरा होगा।
जिसके बाद से तो प्रदेश की राजनीति में और भी उथल-पुथल देखी जा रही है।
राजे समर्थकों को तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) का यह बयान पचता नजर नहीं दिख रहा है।
राजे समर्थकों को तो प्रधानमंत्री मोदी के बयान के बाद भी यही उम्मीद है कि राजे से बढ़कर राजस्थान भाजपा में और कोई लोकप्रिय चेहरा नहीं हो सकता।
शेरगढ़ से भाजपा के पूर्व विधायक बाबू सिंह राठौड़ ने भी वसुंधरा राजे का जमकर समर्थन किया है।
वहीं दूसरी ओर, वसुंधरा राजे (Vasundhara Raje) के कट्टर समर्थक और जोधपुर भाजपा के पूर्व जिला अध्यक्ष भोपालसिंह ने तो दावा किया है कि राजस्थान में बिना किसी चेहरे के भाजपा कभी भी सत्ता में नहीं आ पाई है।
ऐसे में इस बार भी भाजपा के लोकप्रिय चेहरे के रूप में वसुंधरा राजे का नाम सबसे आगे है।
उनका मानना तो ये है कि वसुंधरा राजे ही आने वाले विधानसभा चुनाव में निर्णायक भूमिका में होंगी।
हालांकि, देखा जाए तो वसुंधरा राजे के नेतृत्व की चमक अभी भी देखी जाती हैं। राजे जहां भी निकल पड़ती हैं वहीं लोगों की भीड़ उमड़ पड़ती हैं।
राजे समर्थकों का तो कहना है कि राजस्थान की जनता ने भाजपा में अभी तक दो ही चहेरों को ज्यादा लोकप्रियता दी है। जिनमें भैरोसिंह शेखावत और वसुंधरा राजे ही है और अब तो सबसे ज्यादा लोकप्रिय चेहरा राजे का ही है।