जयपुर । दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ गोवर्धन परिसर, उदयपुर में रविवार को पंजाब के राज्यपाल एवं प्रशासक चंडीगढ़ गुलाबचंद कटारिया के मुख्य आतिथ्य में विशाल किसान सहकार सम्मेलन कार्यक्रम आयोजित किया गया।
दुग्ध संघ के अध्यक्ष डालचंद डांगी, प्रबंध संचालक एवं संचाकल मंडल सदस्यों ने किसान सहकार सम्मेलन कार्यक्रम में पधारे सभी अतिथियों का माल्यार्पण एवं उपरणा ओढ़ाकर स्वागत अभिनंदन किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुये संघ के अध्यक्ष डालचंद डांगी ने संघ का गतिविधियों एवं प्रगअत का विवरण प्रस्तुत करते हुये संघ का संयंत्र अत्यन्त पुराना होने के मद्देनजर महामहिम राज्यपाल पंजाब एवं गोपालन मंत्री से उदयपुर में 3 लाख लीटर दूध/प्रतिदिन की क्षमता का नया संयंत्र स्थापित कराने एवं उदयपुर में 150 टन प्रतिदिन की क्षमता का पशुआहार संयंत्र स्थापित कराने अनुरोध करते हुये विस्तृत परियोजना प्रस्ताव प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम में पंजाब के महामहिम राज्यपाल एवं प्रशासक चंडीगढ़ गुलाबचंद कटारिया ने अपने उदबोधन में पशुपालको की आर्थिक स्थति मजबूत करने पर जोर देते हुये दर अंतर राशि दुग्ध समितियों के बजाय सीधे दुग्ध उत्पादकों के बैंक खातों में भेजने का सुझाव दिया। साथ ही, बाजार की प्रतिस्पों के मद्देनजर दूध एवं दुग्ध उत्पादो की गुणवत्ता बनाये रखने पर भी जोर दिया।
पशुपालन, गोपालन एवं देवस्थान मंत्री जोराराम जी कुमावत ने अपने उदबोधन में दुग्ध उत्पादकों को दर अंतर दिये जाने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुये दुग्ध संघ, उदयपुर के अध्यक्ष एवं प्रबंध संचालक के प्रयासों की सराहना की एवं भविष्य में दर अंतर राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे दुग्ध उत्पादकों के बैंक खाते मे भेजने का सुझाव दिया। उन्होनें कहा कि दुग्ध उत्पादकों को दूध पर दी जाने वाली अनुदान जारी रखी जावेगी, इससे दुग्ध उत्पादकों का आर्थिक स्तर सुदृढ़ होगा। उन्होंने सभी से अपना पूरा दूध दुग्ध उत्पादक सहकारी समिति पर ही देने के लिये कहा, ताकि उनको सहकारी डेयरी से मिलने वाली सभी सुविधाओं का लाभ मिल सके।